सिम स्वैप क्या है ? सिम कार्ड स्वैप फ्रॉड कैसे होती है और इससे कैसे बचें ?

सिम कार्ड स्वैप के बारे में आप सभी लोगों ने तो जरूर सुना होगा । 2018 में ऐसे कई सारे केसेस देखे होंगे जहाँ पर हैकर सिम कार्ड स्वैप टेकनीक की मदद से मेथोड की मदद से लाखों करोङो रुपये का फ्रॉड कर लेता है और ऐसे में यूजर को पता भी नहीं चलता । तो यहाँ पर क्या आप सभी लोग यकीन मानोगे ? कि सिम कार्ड स्वैप टेकनीक की मदद से एक इंडियन बिज़नेस मैन की रातों रात करोड़ों रुपये चुरा लिये गये और ऐसे में उसे सुबह होने तक बिल्कुल भी पता नहीं चल पाया  ।  तो यहाँ पर यह सब चीजें आपके साथ भी कभी भी किसी भी वक़्त हो सकती है । या तो ऐसे में आपको सावधान रहना अलर्ट रहना बहुत ही जरूरी है । तो यहां पर हम एक नजर इस इंडियन बिज़नेस मैन पर डालें तो हुआ क्या था बिजनेसमैन को रात के करीब 2:00 बजे के आस पास एक कॉल आई थी जब उसने सुबह उठकर अपने फोन को चेक करा तो उस नम्बर पे टोटल 6 मिसकॉल  थे बिल्कुल सेम नम्बर से । और नम्बर को चेक किया गया था तो वह नम्बर UK का था और उसका कंट्री कोड था +44 जब उस नम्बर पे उस बिजनेसमैन ने दोबारा से कॉल बैक किया तो कॉल नहीं जा रही थी उनका जो नंबर था वह ब्लॉक था डीएक्टिवेट था तो इसकी जानकारी के लिये उन्होंने कस्टमर केयर से कॉन्टैक्ट किया तो उन्होंने बताया कि आपके कहने पे ही आपका जो नम्बर है उसे डीएक्टिवेट कर दिया गया है यानी कि ब्लॉक कर दिया गया है । तो यहाँ पे यह थोड़ा सा अटपटा लगा बाद में और थोड़ा जांच से यह पता चला कि बिजनेसमैन के बिज़नेस एकाउंट से करीब 1.8 करोड़ रुपये के आसपास जो पैसे थे वह रातों रात करीब एकाउंट में ट्रांसफर कर दिये गये थे । तो यहाँ पर जब यह सूचना बैंक को दी गई तो बैंक ने पैसे को रिकवर करने की  कोशिश करें तो यहाँ पर करीब बीस लाख रुपये जो पैसे थे वो करीब वापस रिकवर हो गये थे । और बाकी जो पैसे थे वह हमेशा के लिये बिजनेसमैन ने खो दिये थे । तो यहाँ पर यह जो नया केसेज़ है सिम कार्ड स्वपिंग का यह लेटेस्ट है और बहुत ही बड़ा फ्रॉड है । इसके अलावा यहाँ पर कई सारे और भी फ्रॉड हुवे थे 2018 में सिम कार्ड स्वपिंग को लेकर जिसकी मदद से कई सारे लोगों के साई सारे लाखों करोड़ों रुपये लूटे गये थे । तो यहाँ पर अब सवाल उठता है कि आखिर में यह सिम स्वैप कार्ड क्या है ? यह कैसे काम करता है ? कैसे हैकर्स सिम कार्ड स्वैप टेकनीक की मदद से आपके एकाउंट से पैसे को चुरा लेता है ? और सबसे बड़ा सवाल की आखिर में भैया इस फ्रॉड से इस सकैम से कैसे बचा जा सकता है ?  तो अगर आपको इन सब चीजों को जानना है तो उसके लिये आप नीचे बताई गई सभी जानकारी स्टेप by स्टेप्स फॉलो करते रहें ।  तो दोस्तों सबसे पहले हम जानेंगे कि यह
सिम स्वैप क्या है ? सिम कार्ड स्वैप फ़्रॉड कैसे होती है और इससे कैसे बचें ?
सिम स्वैप क्या है ? इसका क्या मतलब होता है ?  
सबसे सिम्पल एयर आसान भाषा में कहूँ तो सिम स्वैप का मतलब होता है कि फिलहाल अभी आपके पास जो भी नम्बर है जिस भी ऑपरेटर का चाहे वह Airtel, Idea, Vodafone, Jio, Aircel, Tata DOCOMO, Reliance किसी भी ऑपरेटर का सिम आप इस्तेमाल करते हैं उस सिम को फिलहाल डिएक्टिवेट करके या बन्द करके , ब्लॉक करके आप एक नया सिम कार्ड लेना चाहते हो अपने सेम नम्बर से तो इसे हम सिम्पल भाषा में सिम स्वैप कहते है ।  तो यहाँ पर हैकर इसी सिम स्वैप टेकनीक मेथोड का इस्तेमाल करता है जहाँ पर वो आपके पास फिलहाल जो भी नम्बर यूज़ रहे हो उसे ब्लॉक करवा देता है या फिर बन्द करवा देता है और एक नये सिम कार्ड में उस नम्बर को  ले लेता है जिसके बाद हैकर के पास पूरा कंट्रोल रहता है सिम कार्ड का मतलब कोई भी आपको कॉल करेगा कोई भी मैसेज करेगा या कोई भी OTP आयेगा तो ऐसे आपके पास जो भी सिम जो सिम है वहाँ पर किसी भी तरह के इन्फॉर्मेशन नहीं जायेगा क्योंकि आपका जो सिम कार्ड है वह बन्द है । जो नये सिम में नम्बर लिया गया है उस सिम कार्ड में जो पूरा डिटेल मैसेज है कॉल है वह जायेगी । तो यहाँ पर इसी की मदद से हैकर ऑनलाइन सकैम होते हैं बड़े-बड़े फ्रॉड होते हैं सिम स्वपिंग के मदद से पॉसिबल कर पाते हैं ।

अब यहाँ पर सबसे बड़ा सवाल उठता है कि आखिर में हैकर्स सिम स्वैप कैसे कर लेते हैं ? बिना हमारे परमिशन के बिना हमारे पता चले ?
हमें बिना किसी जानकरी के बिना कोई  परमिशन के हैकर्स हमारे सिम कार्ड स्वैप कैसे कर पाते हैं ? 
तो यहाँ पर सिम स्वैप करने के कई सारे  टेकनीक मेथोड हो सकते हैं । जिनमें कुछ पॉपुलर है जैसे कि मोबाइल नंबर पोर्टबिलिटी हो गया , फोन कॉल की मदद से हो गया या फिर किसी भी तरह के टेकनीक की मदद से । तो यहाँ पर इस प्रॉसेस में यानी की सिम स्वैप प्रॉसेस में हैकर्स सबसे पहले आपकी पर्सनल डिटेल्स को निकालने की कोशिश करता है जैसे कि -
   ● आपका रियल नाम क्या है ?
   ● आपका रियल फोन नम्बर क्या ? है जो बैंक से कनेक्टेड है ।
   ● आपका आईडी क्या है ? आपका आधार नम्बर क्या है ?
जो भी पर्सनल इन्फॉर्मेशन है जो एक सिम कार्ड स्वैप करने के लिये चाहिये उन सबको सबसे पहले हैकर्स निकालने की कोशिश करता है । अब यह सब इन्फॉर्मेशन हैकर्स कैसे निकाल सकता है ? इसके कई जरिये हो सकते हैं।  हैकर्स आपके सोशल मीडिया प्रोफाइल से सारी इन्फॉर्मेशन निकाल सकता है क्योंकि आज कल मोस्टलटी सभी लोग सोशल मीडिया प्रोफाइल पर अपना फोन नम्बर डाल देते है, Address डाल देते हैं, रियल नाम डाल देते हैं या फिर हो सकता है इसके अलावा हैकर्स ने कोई  फिशिंग करा हो या हैक करने के लिये आपके फोन में ऐसा कोई Apps इनस्टॉल कर दिया हो या फिर इसके अलावा और कई सारे तरीके हो सकते हैं जो हैकर्स इस्तेमाल करता है आपके पर्सनल इनफार्मेशन निकालने के लिये जो कि एक सिम कार्ड स्वैप करने के लिये या उन्हें सिम कार्ड लेने के लिये चाहिये होता है ।
आज कल ऑलमोस्ट सभी लोग जो भी इंटरनेट का इस्तेमाल करते है वो लोग ऑनलाइन बैंकिंग का इस्तेमाल जरूर करते हैं ऑनलाइन ट्रांसेक्शन जरूर करते हैं । तो यहाँ पर हैकर्स किसी न किसी तरह आपके बैंक इन्फॉर्मेशन को, आपके बैंक के डिटेल्स को,
जैसे कि-
   ● आपका एकाउंट नम्बर ,
   ● आपके ATM के PIN नम्बर,
   ● आपके ATM के CVV नम्बर ,
   ● आपका ATM Card नम्बर,
यह जो सारी इन्फॉर्मेशन है वो कहीं न कहीं से किसी न किसी तरीके से निकाल लेता है । तो उसके बाद हैकर्स सिम कार्ड स्वैप करने की कोशिश करता है । अगर एक बार आपका पर्सनल डिटेल्स आपका जो भी आईडी कार्ड है वो सारी इन्फॉर्मेशन उस हैकर्स के पास पहुंच जाता है तो वह क्या कोशिश करता है वह एक नया और एक फेक आईडी कार्ड बनाने की कोशिश करता है । यो यहाँ पर यह सारी इन्फॉर्मेशन हैकर्स के पास आ जाती है तो उसके बाद वह करता क्या है , आपके पास फिलहाल जो भी सिम कार्ड है जो भी आप यूज़ कर रहे हो जो कि आपके बैंक से रजिस्टर्ड है , उस नम्बर को सबसे पहले बन्द करवाने की , ब्लॉक करवाने की कोशिश करता है और उसके बाद एक नया सिम लेता है जिस पे सेम नम्बर यूज़ कर रहे वह उसमें पॉइन्ट / रिप्लेस हो जाता है । तो उसके लिये हैकर कस्टमर केयर के पास जाता है उसे कॉल करता है और उससे बताता है कि मेरा फोन चोरी हो गया है, मेरा सिम कार्ड खराब हो गया है, तो उसके लिये मुझे नया सिम कार्ड चाहिये सेम नम्बर से । तो उसके लिये जो कुछ भी इन्फॉर्मेशन, जो कुछ भी , जो कुछ भी आईडी कार्ड, जो कुछ भी डिटेल्स चाहिये,  वो वहाँ पर हैकर उन कस्टमर केयर को या उन ऑपरेटर वालों को प्रोवाइड कर देता है तो वो एक नया सिम कार्ड ले पाता है जिसके बाद आपके पास जो भी सिम कार्ड है वह बन्द हो जाता है , ब्लॉक हो जाता है ।  और जो नया सिम कार्ड है वह हैकर के पास चला जाता है ।
इसके अलावा हो सकता है कि हैकर आपको कॉल करे, और ऐसा दिखावा करे कि वो आपको कस्टमर केयर से कॉल कर रहा है । मतलब आपको फोन आयेगा और आपसे कहेगा कि हाँ हम आपके नेटवर्क कंपनी से बात कर रहे हैं जो भी जैसे - jio का हो गया , एयरटेल से हो गया तो हम यहाँ पर एयरटेल से बात कर रहे हैं । ऐसा हमें आपकी ये-ये इनफार्मेशन चाहिये । तो यहाँ पर हैकर्स इतनी प्रोफेशनल तरीके से बात करेगा और आपको वाकई में लगेगा कि यह कंपनी की तरफ से कॉल आई है तो हमें इन्फॉर्मेशन दे देनी चाहिये । इसके बाद जो हैकर्स है वह धीरे-धीरे करके आपके सारी जो पर्सनल इनफार्मेशन है चाहे वह OTP ले लो या फिर बैंक डिटेल्स ले लो आपका फोन नम्बर जो भी बैंक एकाउंट से रजिस्टर्ड है । वह सारी चीजें ले लेता है । और इसके बाद आपको हैकर बोलता है कि "सर हमें सिस्टम को अपडेट करने के लिये आपके फोन नम्बर पे एक OTP आयेगा तो वह OTP हमें चाहिये तो क्या आप हमें बता सकते हो ?" और आपको हैकर कॉन्वीस कर देता है और आप उन्हें OTP बता देते हो ।
उसके बाद एक बार उस यूज़र्स के पास या उस हैकर के पास OTP चला जाता है या फिर जो भी सिम प्रॉसेस होता है । वह पूरा कम्पलीट हो जाता है । और हैकर्स के पास एक सिम कार्ड का पूरा एक्सेस आ पाता है ।

                        और जैसा कि आप सभी लोग जानते हैं कि एक बार अगर हैकर के पास वह सिम कार्ड आ गया हैकर के पास जैसे कि  बैंक की सारी डिटेल्स हो , ATM कार्ड की डिटेल्स हो यो ऐसे में वह हैकर्स आसानी से ऑनलाइन आपके पैसे को किसी भी दूसरे एकाउंट में ट्रान्सफर कर देता है OTO जरिये और ऐसे में आपको पता भी नहीं चलेगा और ऐसा किस क्योंकि आपका जो नम्बर है जो अभी आप अपने फोन में इस्तेमाल मर रहे हो वह सिम कार्ड तो ब्लॉक है बन्द है । साथ ही आपका सिम कार्ड कोई और ऐसे में आपको क्या खाक पता चलेगा ? इसके अलावा दोस्तों हैकर्स सिम कार्ड अपग्रेड और मोबाइल नम्बर पोर्टबिलिटी की मदद से भी आपके सिम कार्ड को भी स्वैप कर सकता है । उसके लिये बस एक SMS की जरूरत होती है और आपके सिम कार्ड को अपग्रेड करने के लिये एक नये सिम में या फिर आपको एक कोड की जरूरत होती है मोबाइल नंबर पोर्ट करने के लिये के दूसरे ऑपरेटर में । यहाँ पर इन सभी मेथोड को इन सभी टेकनीक को अपनाके हैकर आपके सिम कार्ड को स्वैप कर सकता है और आपके साथ बहुत ही बड़ा फ्रॉड कर सकता है । इन सभी चीजों के अलावा एक सबसे बड़ा और बहुत ही इम्पोर्टेन्ट सवाल उठता है की आखिर में सिम स्वैप फ्रॉड से ऑनलाइन सकैम से कैंसे बचें ?
सिम कार्ड स्वैप सकैम फ्रॉड से कैंसे बचें ?
 इससे बचने के लिये आपको ज्यादा कुछ नहीं करना है बस छोटी-छोटी इन्फॉर्मेशन को छोटी-छोटी चीजों के बारे में ध्यान रखना है । जिससे आप बहुत ही आसानी से सिम स्वैप फ्रॉड से बच सकते हैं ।
● अपने किसी भी तरह के पर्सनल जैसे - रियल नाम हो गया आपका , होम एड्रेस हो गया, आपका आईडी प्रूफ हो गया, आपका रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर हो गया । ऐसे किसी भी तरह के जो कि आपके सिम कार्ड से कनेक्टेड है , आपके बैंक से कनेक्टेड है । उस तरह के किसी भी इन्फॉर्मेशन को सोशल मीडिया प्रोफाइल पर न डालें । चाहे वह आपका फोन नम्बर हो चाहे आपका एड्रेस हो अगर आप डाल भी रहे हो तो उसे कोशिश करें कि प्राइवेट कर दें कभी पब्लिक न करें ऐसे में हैकर्स उस इनफार्मेशन को इस्तेमाल कर सकता है सिम स्वपिंग के लिये या फिर बहुत ही बड़े फ्रॉड के लिये ।
● किसी भी तरह के मैसेज या ईमेल आने पर उस ईमेल या उस sms को फॉलो न करें किसी भी तरह के sms में आये लिंक वे क्लिक न करें और न ही ईमेल पर किसी तरह का ईमेल आता है और आपको लिंक पर क्लिक करने के लिये कहा जाता है तो आप ऐसे किसी भी तरह के Steps को follow न करें , वहाँ पर किसी भी तरह के इन्फॉर्मेशन प्रोवाइड न करें , न ही अपने फोन में उस लिंक से किसी भी तरह के App को इनस्टॉल न करें वरना आपको ऑनलाइन सिम स्वपिंग या ऑनलाइन फ्रॉड के शिकार हो सकते हैं ।
● किसी भी तरह के अननोन Apps या ऐसी वेबसाइट जिसकी URL में https:// न हों उन वेबसाइट में किसी भी तरह के इन्फॉर्मेशन जैसे बैंक डिटेल्स, ऑनलाइन ट्रांसेक्शन, या फिर ऐसे app जो कि trusted नहीं हो जहाँ पर से आपने थर्ड पार्टी वेबसाइट से डाउनलोड किया है या फिर ऐसा App जो कि बिल्कुल भरोसे के लायक नहीं है उन सभी चीजों में इस तरह के पर्सनल डिटेल्स न डालें इससे भी आपको जो डेटा है इन्फॉर्मेशन है उसका मिसयूज हो सकता है ।
● अगर आपको किसी भी कंपनी की तरफ से या किसी भी ऑपरेटर की तरफ़ से कॉल आये और वह आपसे कहे कि इस ऑपरेटर एयरटेल , जिओ, वोडाफोन, आईडिया, रिलायंस, जो भी हो और आपको बोले कि हम आपको ऑफर दे रहे हैं या अपना सिम पोर्ट करवाना चाहते हैं या आपको किसी भी कंपनी का कॉल आ रहा हो और आप को बोले की हमें आपकी यह-यह डिटेल्स चाहिये सिस्टम को अपडेट करने के लिये , uptodate रखने के लिये तो यहाँ पर इस ररह की किसी भी पर्सनल इन्फॉर्मेशन को उन लोगों के साथ उन फ्रॉडों के साथ शेयर न करें ।
इसके अलावा अगर आपको कोई भी OTP के बारे में पूछे तो गलती से चाहे प्राइम मिनिस्टर आकर आपसे बोले कि OTP बताओ तो गलती से आप OTP बिल्कुल भी मत बताना । किसी भी तरह कोई भी आपको आके पूछे क्योंकि अगर एक बार OTP दे दिया तो ऐसे में आपके साथ फ्रॉड हो सकता है ।

तो friends यह थी जो छोटी-छोटी मिस्टेक्स जो आपको लगता है कि आपका सिम कार्ड काम नहीं कर रहा है , सिम कार्ड बन्द हो गया चार पांच घण्टे तक  , तो ऐसे में आपको सावधान हो जाना चाहिये और अपने ऑपरेटर से बात करना चाहिये कि सिम कार्ड का जो भी नेटवर्क है वह बिल्कुल भी नहीं आ रहा है , सिम कार्ड से कॉल नहीं जा रही है । तो ऐसी छोटी छोटी चीजों पर अलर्ट रहना चाहिये । सावधान रहना चाहिये । जिससे आप बहुत ही आसानी से फ्रॉड सिम कार्ड स्वैप से बच सकते हो ।
तो दोस्तों मुझे उम्मीद है कि आपको  समझ आ गया होगा कि सिम स्वैप क्या है ? किस तरह से काम करता है । कैसे हैकर आपके सिम को स्वैप कर लेता है और इससे आप सभी लोग बच सकते हो ।

यदि आपको इस जंक को लेकर अभी भी कोई डाउट है या आप आपको कोई चीज समझ मे नहीं आया हो और आप मुझसे कुछ पूछना चाहते तो आप नीचे कमेंट बॉक्स में मुझसे पूछ सकते हैं ।



2/Post a Comment/Comments

  1. Bahut Hi Achha Jaakari Aur Salaah Bataya Aapne . Thanks for sharing this information

    ReplyDelete
    Replies
    1. इस ब्लॉग साइट पर अपना कीमती समय देने के लिये आपका बहुत - बहुत धन्यवाद ।

      Delete

Post a Comment

Previous Post Next Post